देहरादून। मानवाधिकार संरक्षण एवं भ्रष्टाचार निवारक समिति उत्तराखंड और सजग इंडिया द्वारा संयुक्त रूप से चलाए जा रहे नशा मुक्ति अभियान की इस वर्ष की शुरुआत शुक्रवार को देहरादून के राजकीय मॉडल इंटरमीडिएट कॉलेज, किशनपुर से की गई।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने भाग लिया और नशामुक्त व स्वस्थ समाज बनाने का संकल्प लिया।
विद्यार्थियों ने ली नशा-मुक्त रहने की शपथ

कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को नशे के हानिकारक प्रभावों के बारे में जागरूक किया गया।
मानवाधिकार संरक्षण एवं भ्रष्टाचार निवारक समिति एवं CIMS ग्रुप ऑफ कॉलेज के अध्यक्ष एडवोकेट ललित मोहन जोशी ने छात्रों से संवाद करते हुए नशे के व्यक्तिगत और सामाजिक दुष्प्रभावों पर विस्तार से चर्चा की।
उन्होंने बच्चों को नशामुक्त रहने की शपथ दिलाई और जीवन में सकारात्मक आदतें अपनाने का संदेश दिया।
राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिभाग करने वाली हॉकी टीम को सम्मान

कार्यक्रम के दौरान स्कूल की राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिभाग करने वाली हॉकी टीम के खिलाड़ियों को ड्रेस किट भेंट कर सम्मानित किया गया।
एडवोकेट जोशी ने खिलाड़ियों को उत्साह बढ़ाने के लिए शुभकामनाएँ दीं और बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित किया।
नशे के बदलते रूपों पर किया जागरूक
अपने संबोधन में एडवोकेट जोशी ने कहा कि नशा केवल शराब, सिगरेट और ड्रग्स तक सीमित नहीं है, बल्कि—
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मोबाइल गेमिंग की लत
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सोशल मीडिया का अत्यधिक उपयोग
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डिजिटल मनोरंजन पर निर्भरता
जैसी आदतें भी युवाओं को मानसिक रूप से प्रभावित कर रही हैं। उन्होंने कहा कि नशा व्यक्ति के साथ पूरे समाज को कमजोर करता है, इसलिए इससे दूरी रखना बेहद जरूरी है।
सजग इंडिया ने दिया युवाओं को साथ निभाने का भरोसा

सजग इंडिया देहरादून के जिला समन्वयक डॉ. सुशील राणा ने छात्रों को संबोधित करते हुए नशे से दूर रहने और सकारात्मक जीवन जीने की अपील की।
उन्होंने कहा कि संस्था हमेशा युवाओं के साथ है और सभी मिलकर नशामुक्त, स्वस्थ और जागरूक समाज का निर्माण कर सकते हैं।
500 से अधिक विद्यार्थी रहे उपस्थित
कार्यक्रम में स्कूल के प्रधानाचार्य, शिक्षक विशाल पंचोली, अन्य शिक्षकगण तथा 500 से अधिक छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।











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