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जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंद किशोर जोशी के अनुसार, भूकंप का एपिसेंटर चमोली के आसपास रहा। अभी तक किसी तरह के नुकसान की कोई सूचना प्राप्त नहीं हुई है।
उत्तराखंड अब देश के सबसे संवेदनशील भूकंपीय ज़ोन छह में
भारतीय मानक ब्यूरो (BIS) ने Seismic Code–2025 के तहत नया भूकंपीय क्षेत्रीकरण मानचित्र जारी किया है। इसमें उत्तराखंड को अतिसंवेदनशील भूकंपीय जोन-6 में शामिल किया गया है। इससे पहले राज्य दो जोनों—जोन-4 और जोन-5—में विभाजित था।
विशेषज्ञों का कहना है कि नए मानकों के बाद पूरे राज्य में निर्माण कार्यों को अधिक सावधानी और भूकंपरोधी मापदंडों के अनुसार करना अत्यंत आवश्यक होगा।
पहले किन जिलों को सबसे ज़्यादा जोखिम वाला माना गया था?
पुराने भूकंप जोन वर्गीकरण के अनुसार—
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जोन 5 (अतिसंवेदनशील): रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर, पिथौरागढ़
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जोन 4 (अत्यधिक संवेदनशील): उत्तरकाशी, टिहरी, देहरादून, हरिद्वार, पौड़ी गढ़वाल
2021 की रिपोर्ट में उत्तराखंड के चार शहर हाई-रिस्क में शामिल
संसद में वर्ष 2021 में दी गई एक जानकारी के अनुसार, देश के 38 अत्यधिक भूकंप-संवेदनशील शहरों में उत्तराखंड के अल्मोड़ा, नैनीताल, देहरादून और रुड़की को शामिल किया गया था।













