देहरादून: उत्तराखंड में मार्च की शुरुआत के साथ ही मौसम के मिजाज तेजी से बदलते नजर आ रहे हैं। एक ओर जहां मैदानी इलाकों में गर्मी ने समय से पहले ही अपना असर दिखाना शुरू कर दिया है, वहीं ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी का दौर भी जारी है। मार्च के दूसरे सप्ताह में ही तापमान सामान्य से काफी ऊपर पहुंच गया है, जिससे कई जगहों पर गर्मी के नए रिकॉर्ड बनते दिखाई दे रहे हैं।
मौसम विभाग के अनुसार राजधानी देहरादून में गुरुवार को अधिकतम तापमान 34.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से करीब 8 डिग्री अधिक है। वहीं न्यूनतम तापमान भी 16.9 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो सामान्य से लगभग 4 डिग्री ज्यादा रहा। मार्च के महीने में इतनी तेजी से बढ़ता तापमान लोगों को गर्मी का एहसास कराने लगा है।
पर्वतीय क्षेत्रों की बात करें तो मुक्तेश्वर में भी तापमान में उल्लेखनीय बढ़ोतरी दर्ज की गई। यहां का अधिकतम तापमान 25.1 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से करीब 8 डिग्री अधिक है, जबकि न्यूनतम तापमान 10.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 5 डिग्री ज्यादा है। प्रदेश के अन्य कई इलाकों में भी तापमान में इसी तरह की बढ़ोतरी देखने को मिली है।
13 मार्च तक मौसम रहेगा शुष्क
मौसम विज्ञान केंद्र के पूर्वानुमान के अनुसार 13 मार्च तक पूरे उत्तराखंड में मौसम शुष्क रहने की संभावना है। इसके चलते अधिकतम और न्यूनतम दोनों ही तापमान सामान्य से ऊपर बने रह सकते हैं। हालांकि मौसम विभाग का अनुमान है कि 17 मार्च तक प्रदेश के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में हल्की बारिश देखने को मिल सकती है।
बदरीनाथ की चोटियों पर ताज़ा बर्फबारी
इसी बीच ऊंचाई वाले इलाकों में मौसम का अलग ही रूप देखने को मिला। बदरीनाथ धाम की ऊंची चोटियों पर गुरुवार को अच्छी बर्फबारी हुई, जिससे पूरा क्षेत्र बर्फ की सफेद चादर से ढक गया। दो दिन पहले भी यहां बर्फबारी हुई थी।
गुरुवार सुबह से ही जिले में मौसम का मिजाज बदला हुआ नजर आया। हालांकि निचले इलाकों में बारिश नहीं हुई, लेकिन बदरीनाथ की पहाड़ियों पर हुई बर्फबारी से धाम का नजारा बेहद खूबसूरत हो गया। बर्फबारी के चलते क्षेत्र में ठंड भी बढ़ गई है और मौसम काफी खुशनुमा हो गया है।
मौसम में तेजी से बदलाव
मार्च के महीने में एक साथ गर्मी और बर्फबारी का यह मिश्रित असर उत्तराखंड के मौसम की खासियत को दर्शाता है। जहां मैदानी इलाकों में लोग गर्मी महसूस कर रहे हैं, वहीं पहाड़ों में अभी भी सर्दी और बर्फबारी का दौर जारी है।











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