Ranchi News: झारखंड की राजधानी रांची में JPSC और JSSC परीक्षाओं में कथित गड़बड़ी को लेकर छात्रों का आंदोलन शुक्रवार, 7 अगस्त को उस समय गरमा गया, जब विधानसभा मार्च के दौरान AISA की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा बोरा पर स्याही फेंक दी गई। घटना के बाद पुलिस ने स्याही फेंकने वाले व्यक्ति को हिरासत में ले लिया।
JPSC-JSSC परीक्षा को लेकर छात्रों का प्रदर्शन
JPSC और JSSC परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं और परीक्षा रद्द करने की मांग को लेकर छात्रों का विरोध प्रदर्शन जारी है। इसी क्रम में छात्रों ने रांची में विधानसभा मार्च का आयोजन किया। AISA की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा बोरा भी छात्रों के समर्थन में रांची पहुंची थीं। उन्होंने भूख हड़ताल पर बैठे छात्रों से मुलाकात कर आंदोलन को समर्थन दिया।
मार्च के दौरान नेहा बोरा पर फेंकी गई स्याही
विधानसभा मार्च के दौरान नेहा बोरा पर एक व्यक्ति ने स्याही फेंक दी। घटना के बाद मौके पर हंगामा हो गया और पुलिस ने संबंधित व्यक्ति को हिरासत में ले लिया।
स्याही फेंकने वाले व्यक्ति ने मीडिया से बातचीत में दावा किया कि वह नेहा बोरा के विचारों और कथित तौर पर उमर खालिद के समर्थन से नाराज था। उसने कहा, “मुझे नेहा बोरा पसंद नहीं हैं, क्योंकि वह उमर खालिद का समर्थन करती हैं। मैंने उन पर स्याही फेंकी। वे सभी देशद्रोही हैं।”
हालांकि, ये संबंधित व्यक्ति के आरोप और बयान हैं, जिनकी स्वतंत्र पुष्टि इस रिपोर्ट में नहीं की गई है।
नेहा बोरा ने BJP और RSS पर साधा निशाना
घटना के बाद नेहा बोरा ने BJP और RSS पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि छात्रों के आंदोलन के दौरान उन पर स्याही फेंकी गई। उन्होंने कहा कि जो लोग छात्रों के साथ खड़े होने का दावा करते हैं, वही इस तरह की कार्रवाई कर रहे हैं।
नेहा बोरा ने कहा कि स्याही फेंकने से छात्रों और युवाओं के आंदोलन को दबाया नहीं जा सकता। उन्होंने इसे छात्र आंदोलन को कमजोर करने की कोशिश बताया।
‘स्याही फेंकने से डरने वाली नहीं हूं’
नेहा बोरा ने घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि वह स्याही फेंके जाने से डरने वाली नहीं हैं। उन्होंने दावा किया कि दिल्ली में प्रदर्शन के दौरान वह पेलेट गन और लाठीचार्ज का भी सामना कर चुकी हैं।
उन्होंने कहा कि जिन लोगों का छात्रों के मुद्दों से कोई लेना-देना नहीं है, उन्हें अपनी राजनीति के लिए छात्रों को ढाल नहीं बनाना चाहिए।
सोशल मीडिया पोस्ट में लगाया आरोप
घटना के बाद नेहा बोरा ने फेसबुक पर एक पोस्ट साझा की। इसमें उन्होंने आरोप लगाया कि रांची में RSS-BJP से जुड़े लोगों ने उन पर और करीब 20 अन्य महिलाओं पर स्याही फेंकी।
उन्होंने अपनी पोस्ट में लिखा कि उनके लिए स्याही दूसरों को शर्मिंदा करने का हथियार है, लेकिन आंदोलनकारी इसी स्याही से अपना भविष्य लिखेंगे। पोस्ट के साथ उन्होंने अपनी स्याही लगी तस्वीर साझा करते हुए लिखा, “I wear this ink with pride!”
JPSC-JSSC विवाद के बीच बढ़ा राजनीतिक टकराव
रांची में JPSC और JSSC परीक्षाओं को लेकर छात्रों का आंदोलन अब राजनीतिक बयानबाजी का भी मुद्दा बनता जा रहा है। एक ओर छात्र कथित परीक्षा अनियमितताओं को लेकर कार्रवाई और परीक्षा रद्द करने की मांग कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर प्रदर्शन के दौरान हुई इस घटना ने राजनीतिक विवाद को और बढ़ा दिया है।
फिलहाल पुलिस द्वारा हिरासत में लिए गए व्यक्ति के खिलाफ आगे क्या कार्रवाई की जाती है और छात्रों की परीक्षा संबंधी मांगों पर सरकार का क्या रुख रहता है, इस पर नजर बनी हुई है।












