देहरादून। जिला निर्वाचन अधिकारी एवं जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने सोमवार को ऋषिपर्णा सभागार में मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के पदाधिकारियों और निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों के साथ मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) कार्यक्रम को लेकर महत्वपूर्ण बैठक की। बैठक में पुनरीक्षण कार्य की प्रगति की समीक्षा की गई और राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों को प्रारूप-9, 10, 11ए और 11बी की सूचियां उपलब्ध कराई गईं।
मतदाता सूची में नाम जोड़ने और संशोधन के लिए हजारों आवेदन
जिलाधिकारी ने बताया कि 13 अगस्त 2026 तक जिले में मतदाता सूची में नाम शामिल कराने के लिए प्रारूप-6 में 39,025 आवेदन प्राप्त हुए हैं। वहीं, मतदाता सूची से नाम हटाने के संबंध में प्रारूप-7 में 10,235 दावे/आपत्तियां प्राप्त हुई हैं। इसके अलावा मतदाता सूची में दर्ज विवरण में संशोधन के लिए प्रारूप-8 में 10,718 आवेदन प्राप्त किए गए हैं।
इस तरह नाम जोड़ने, नाम हटाने और विवरण संशोधन से जुड़े कुल 59,978 आवेदन/दावे-आपत्तियां प्राप्त हुए हैं।
आपत्ति वाले मतदाताओं को मिलेगा अपना पक्ष रखने का पूरा मौका
डीएम डॉ. आशीष चौहान ने स्पष्ट किया कि प्रारूप-7 के तहत प्राप्त आपत्तियों पर संबंधित बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) द्वारा संबंधित व्यक्ति को व्यक्तिगत रूप से नोटिस तामील कराया जाएगा। नोटिस प्राप्त होने के सात दिन बाद सुनवाई शिविर आयोजित किया जाएगा।
बूथवार आयोजित होने वाले इन शिविरों में जिस मतदाता के विरुद्ध आपत्ति दर्ज की गई है और आपत्तिकर्ता, दोनों को अपना पक्ष रखने का पूरा अवसर दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुसार, आपत्तिकर्ता द्वारा ठोस आधार या प्रमाण प्रस्तुत नहीं किए जाने की स्थिति में किसी भी व्यक्ति का नाम मतदाता सूची से नहीं हटाया जाएगा।
5.47 लाख मतदाताओं को जारी किए गए व्यक्तिगत नोटिस
जिलाधिकारी ने बताया कि 14 जुलाई 2026 को प्रकाशित ड्राफ्ट मतदाता सूची के अनुसार जिले में अब तक 11,90,805 मतदाताओं की मैपिंग पूरी की जा चुकी है।
वर्ष 2003 और 2026 की मतदाता सूचियों के मिलान के दौरान विवरण में विसंगति, अपूर्ण जानकारी अथवा डेटा का सही मिलान नहीं होने के कारण करीब 5.47 लाख मतदाताओं को व्यक्तिगत नोटिस जारी किए गए हैं।
इनमें 3,95,772 मतदाताओं के विवरण में विसंगति तथा 1,52,170 मतदाताओं की मैपिंग नहीं होने के कारण नोटिस जारी किए गए हैं।
राजनीतिक दलों से सहयोग की अपील
डीएम ने कहा कि SIR कार्यक्रम अब अपने अंतिम और महत्वपूर्ण चरण में है। ऐसे में सभी राजनीतिक दलों की सक्रिय एवं रचनात्मक भागीदारी जरूरी है।
उन्होंने राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से अपील की कि जिन नागरिकों को नोटिस जारी किए जाएंगे, उन्हें अपने बूथ लेवल एजेंट (BLA) के माध्यम से संबंधित बूथ तक पहुंचाने में सहयोग करें, ताकि सभी दावों और आपत्तियों का निष्पक्ष, प्रभावी एवं पारदर्शी तरीके से निस्तारण किया जा सके।
गलत घोषणा करने वालों पर होगी कार्रवाई
जिलाधिकारी ने यह भी स्पष्ट किया कि प्रारूप-7 में मिथ्या घोषणा प्रस्तुत करने वालों के विरुद्ध लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम के प्रावधानों के तहत दंडनीय कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने सभी संबंधित पक्षों से मतदाता पुनरीक्षण प्रक्रिया में सहयोग करने और निर्धारित नियमों के अनुसार दावे एवं आपत्तियां प्रस्तुत करने की अपील की।
15 सितंबर को प्रकाशित होगी अंतिम मतदाता सूची
जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने बताया कि पुनरीक्षण प्रक्रिया पूरी होने के बाद 15 सितंबर 2026 को फाइनल निर्वाचक नामावली (Final Electoral Roll) प्रकाशित की जाएगी।
बैठक में उप जिला निर्वाचन अधिकारी/मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह, एसडीएम अपर्णा ढौंडियाल, सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी नरेंद्र प्रसाद देवली सहित कांग्रेस के डॉ. जसविंदर सिंह, प्रशांत खंडूड़ी एवं सुनील जायसवाल, आम आदमी पार्टी के कमल राणा सहित वर्चुअल माध्यम से विभिन्न मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के पदाधिकारी एवं निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी उपस्थित रहे।











