देहरादून में खुद को न्यूज प्लेटफॉर्म का संचालक बताकर प्रॉपर्टी कारोबारी को कथित तौर पर बदनाम करने की धमकी देने का मामला सामने आया है। पुलिस ने आरोपी अनुज अग्रवाल को गिरफ्तार किया है। आरोपी के कब्जे से तीन मोबाइल फोन और एक विशेष चैंबर वाली डायरी बरामद हुई है। पुलिस का दावा है कि मोबाइल फोन में कई लोगों के गोपनीय वीडियो मिले हैं, जिनकी जांच की जा रही है।
देहरादून: राजधानी देहरादून में न्यूज प्लेटफॉर्म की आड़ में कथित ब्लैकमेलिंग और अवैध वसूली का मामला सामने आने के बाद पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पटेलनगर कोतवाली पुलिस ने प्रॉपर्टी कारोबारी से पांच लाख रुपये की मांग करने और 50 हजार रुपये लेने के आरोप में अनुज अग्रवाल को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी खुद को न्यूज प्लेटफॉर्म का संचालक बताकर संपत्ति से जुड़ी खबरें प्रसारित करने और कारोबारी को बदनाम करने की धमकी दे रहा था।
पुलिस के अनुसार, आरोपी पटेलनगर कोतवाली का हिस्ट्रीशीटर है। उसके खिलाफ देहरादून के अलावा अन्य राज्यों में भी धोखाधड़ी, मारपीट, ब्लैकमेलिंग समेत विभिन्न आपराधिक मामलों में संलिप्तता की जानकारी सामने आई है। पुलिस अब आरोपी के मोबाइल फोन से मिले कथित गोपनीय वीडियो और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की जांच कर रही है।
व्हाट्सएप कॉल से शुरू हुआ ब्लैकमेलिंग का मामला
पुलिस के मुताबिक, आजाद कॉलोनी, माजरा निवासी तनवीर खान ने 19 अक्टूबर 2026 को पटेलनगर कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायतकर्ता ने बताया कि चांचक क्षेत्र की एक प्रॉपर्टी को लेकर उनका कुछ लोगों से विवाद चल रहा है। इसी बीच एक व्यक्ति ने व्हाट्सएप के माध्यम से उनसे संपर्क किया और खुद को न्यूज प्लेटफॉर्म का संचालक बताया।
आरोप है कि संबंधित व्यक्ति ने प्रॉपर्टी से जुड़ी खबरें अपने न्यूज प्लेटफॉर्म पर प्रसारित करने और कारोबारी को बदनाम करने की धमकी दी। खबरें प्रसारित नहीं करने के एवज में पांच लाख रुपये की मांग की गई। शिकायतकर्ता के मुताबिक, डर के चलते उन्होंने आरोपी के नाम पर बताए गए एक्सिस बैंक खाते में 50 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए।
आरोप है कि रकम देने के बाद भी शेष धनराशि की मांग की गई और रुपये नहीं देने पर गाली-गलौज करते हुए धमकियां दी गईं। पीड़ित ने पुलिस को व्हाट्सएप चैट के स्क्रीनशॉट और बैंक खाते में रकम जमा करने के प्रमाण भी उपलब्ध कराए।
शिकायत के आधार पर पटेलनगर कोतवाली में मुकदमा अपराध संख्या 773/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 308(2), 308(4), 351(3) और 352 में मुकदमा दर्ज किया गया।
आईएसबीटी के पास से गिरफ्तार हुआ आरोपी
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी देहरादून ने पुलिस टीम गठित कर त्वरित कार्रवाई और साक्ष्य जुटाने के निर्देश दिए। पुलिस ने जांच के दौरान शिकायतकर्ता से संपर्क करने वाले व्यक्ति की पहचान अनुज अग्रवाल के रूप में की।
इसके बाद 19 अक्टूबर की रात पटेलनगर क्षेत्र में आईएसबीटी के पास से आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस के अनुसार, आरोपी की उम्र 46 वर्ष है। वह मूल रूप से बिजनौर, उत्तर प्रदेश का निवासी है और वर्तमान में क्लेमेंट टाउन क्षेत्र की द्वारिकापुरी में रह रहा था।
डायरी में मिला मोबाइल छिपाने के लिए सीक्रेट चैंबर
आरोपी की गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने उसके कब्जे से तीन मोबाइल फोन और एक डायरी बरामद की। पुलिस के मुताबिक, डायरी में मोबाइल फोन छिपाने के लिए विशेष चैंबर बनाया गया था।
पुलिस का दावा है कि आरोपी के मोबाइल फोन में कई व्यक्तियों के गोपनीय वीडियो मिले हैं। इन वीडियो को किन परिस्थितियों में रिकॉर्ड किया गया और उनका कथित ब्लैकमेलिंग से कोई संबंध है या नहीं, इसकी जांच की जा रही है। डिजिटल साक्ष्यों की पड़ताल के बाद ही इस संबंध में स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
देहरादून के अलावा दूसरे राज्यों में भी मुकदमे
पुलिस के अनुसार, अनुज अग्रवाल के खिलाफ पटेलनगर कोतवाली में पहले से कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। उपलब्ध रिकॉर्ड में वर्ष 2010 से 2017 के बीच दर्ज मुकदमे शामिल हैं। इनमें मारपीट, बलवा, धोखाधड़ी, अमानत में खयानत, आपराधिक धमकी समेत अन्य आरोपों से संबंधित मामले बताए गए हैं।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, आरोपी के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट और गुंडा एक्ट के तहत भी कार्रवाई की गई थी। इसके अतिरिक्त मध्य प्रदेश में चार, पंजाब में एक, ओडिशा में एक और गुजरात में एक मुकदमा दर्ज होने की जानकारी सामने आई है। संबंधित राज्यों से इन मामलों के बारे में विस्तृत जानकारी जुटाई जा रही है।
एसएसपी दून का सख्त संदेश
देहरादून पुलिस का कहना है कि मामले में कथित ब्लैकमेलिंग, बैंक खाते में हुए लेन-देन और बरामद डिजिटल साक्ष्यों की जांच जारी है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि अपराध में संलिप्त पाए जाने वाले व्यक्तियों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी। मामले में आरोपी के खिलाफ लगाए गए आरोपों की पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया के तहत होगी।
गिरफ्तार आरोपी: अनुज अग्रवाल, उम्र 46 वर्ष, मूल निवासी बिजनौर, उत्तर प्रदेश; वर्तमान निवासी द्वारिकापुरी, क्लेमेंट टाउन, देहरादून।
बरामदगी: तीन मोबाइल फोन और एक डायरी।
पुलिस की जांच के प्रमुख बिंदु: कथित तौर पर मांगी गई पांच लाख रुपये की रकम, बैंक खाते में ट्रांसफर किए गए 50 हजार रुपये, व्हाट्सएप चैट और मोबाइल फोन से मिले कथित गोपनीय वीडियो।












