देहरादून, उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में ऑनलाइन कैब और बाइक टैक्सी सेवाओं पर बड़ा एक्शन देखने को मिल रहा है। परिवहन विभाग ने Ola, Uber और Rapido जैसे प्लेटफॉर्म्स को कड़ी चेतावनी जारी की है।
निजी गाड़ियों का कमर्शियल इस्तेमाल बना बड़ी वजह
परिवहन विभाग को लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि इन प्लेटफॉर्म्स पर निजी (प्राइवेट) दोपहिया वाहनों का इस्तेमाल कमर्शियल सवारी ढोने के लिए किया जा रहा है।
जांच में सामने आया कि:
- गैर-व्यावसायिक (Private) वाहन प्लेटफॉर्म पर चल रहे हैं
- नियमों के अनुसार केवल कमर्शियल रजिस्ट्रेशन वाले वाहन ही मान्य हैं
- यह सीधे तौर पर कानून का उल्लंघन है
कानून का उल्लंघन, सुरक्षा पर भी खतरा
यह मामला सिर्फ नियमों तक सीमित नहीं है, बल्कि इससे जुड़े हैं:
- यात्री सुरक्षा
- बीमा कवरेज
- दुर्घटना में जिम्मेदारी तय होना
ऐसे में यह Motor Vehicles Act का उल्लंघन माना गया है।
कंपनियों को नोटिस, जवाब नहीं तो एक्शन तय
परिवहन विभाग ने सभी संबंधित कंपनियों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।
अगर जवाब संतोषजनक नहीं मिला तो:
- एग्रीगेटर लाइसेंस रद्द हो सकता है
- जुर्माना और अन्य कार्रवाई भी होगी
RTO का बयान
आरटीओ संदीप सैनी ने बताया कि कंपनियों ने पहले आश्वासन दिया था कि:
- नई निजी गाड़ियों को प्लेटफॉर्म पर नहीं जोड़ा जाएगा
- पुरानी गाड़ियों को कमर्शियल में बदला जाएगा
लेकिन इसके बावजूद नियमों का उल्लंघन जारी पाया गया।
अब हर गतिविधि पर पैनी नजर
परिवहन विभाग अब इन प्लेटफॉर्म्स की हर गतिविधि पर कड़ी निगरानी रख रहा है, ताकि:
- निजी वाहनों के अवैध उपयोग पर रोक लगे
- यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित हो
देहरादून में Ola, Uber और Rapido के लिए नियमों का पालन अब बेहद जरूरी हो गया है। अगर कंपनियां नियमों का पालन नहीं करतीं, तो उनका लाइसेंस रद्द होना तय माना जा रहा है।












