देहरादून। उत्तराखंड के खनन विभाग ने अवैध खनन, परिवहन एवं भंडारण के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए हरिद्वार जनपद के 5 उपखनिज रिटेल भंडारणों के लाइसेंस निरस्त कर दिए हैं। यह कार्रवाई उत्तराखंड खनिज (अवैध खनन, परिवहन एवं भंडारण का निवारण) (चतुर्थ संशोधन) नियमावली-2024 के तहत की गई है।
भू-तत्व एवं खनिकर्म निदेशालय के निदेशक श्री राजपाल लेघा द्वारा जारी आदेश के अनुसार, संबंधित रिटेल भंडारणों में एक ही खनन सत्र के दौरान दो से अधिक बार अवैध अनियमितताएं पाए जाने पर नियम 14 के उपनियम 4(क) के तहत उनके लाइसेंस निरस्त किए गए हैं।
इन रिटेल भंडारणों पर हुई कार्रवाई
खनन विभाग द्वारा जिन रिटेल भंडारणों के लाइसेंस निरस्त किए गए हैं, उनमें शामिल हैं—
- श्री राकेश कुमार, निवासी जेतीपुर, तहसील लक्सर, जिला हरिद्वार (भंडारण स्थल: ग्राम रामपुर रायघटी, तहसील लक्सर)
- मैसर्स चौहान ट्रेडिंग कंपनी, प्रो. श्री रोहित, ग्राम विक्कमपुर जीतपुर, तहसील लक्सर
- श्री अमरदीप राणावत, निवासी देहरादून (भंडारण स्थल: ग्राम विक्कमपुर जीतपुर, तहसील लक्सर)
- मैसर्स मां दुर्गा इंटरप्राइजेज, प्रो. श्रीमती कविता, कबूलपुर रायघटी, जनपद हरिद्वार (भंडारण स्थल: ग्राम विक्कमपुर, तहसील लक्सर)
- श्रीमती राबिया अंसारी, ग्राम विक्कमपुर जीतपुर, तहसील लक्सर (भंडारण स्थल: ग्राम विक्कमपुर, तहसील लक्सर)
नियमों के उल्लंघन पर सख्त रुख
खनन विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिन रिटेल भंडारणों में एक ही खनन सत्र के दौरान बार-बार अवैध गतिविधियां या नियमों का उल्लंघन पाया जाएगा, उनके खिलाफ नियमावली के अनुसार कठोर कार्रवाई जारी रहेगी। विभाग का उद्देश्य अवैध खनन और खनिजों के अवैध परिवहन एवं भंडारण पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करना है।
उत्तराखंड सरकार लगातार अवैध खनन के खिलाफ अभियान चला रही है और विभाग ने सभी लाइसेंसधारकों से नियमों का सख्ती से पालन करने की अपील की है।












